गरियाबंद जिले में समर्थन मूल्य पर धान खरीदी को प्रभावित करने वाली अवैध धान आवक पर पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए नया रिकॉर्ड कायम किया है। ओडिशा से आ रहे धान को रोकने के लिए की गई कार्रवाई में जिलेभर में 85 वाहनों के साथ 4504 क्विंटल से ज्यादा धान जब्त किया गया है, जिसकी कीमत करीब एक करोड़ 39 लाख रुपये बताई जा रही है।

दरअसल, समर्थन मूल्य पर धान खरीदी के दौरान ओडिशा से अवैध रूप से धान लाकर छत्तीसगढ़ में खपाने की कोशिश की जा रही थी, जिससे सरकारी खरीदी व्यवस्था प्रभावित हो सकती थी। इसे रोकने के लिए गरियाबंद पुलिस ने सीमावर्ती थाना क्षेत्रों में सख्त निगरानी और लगातार चेकिंग अभियान चलाया।
इस अभियान के तहत देवभोग थाना पुलिस ने सबसे बड़ी कार्रवाई करते हुए
👉 41 वाहनों को जब्त किया
👉 जिनमें 1576 क्विंटल धान लोड था।
वहीं जिले के अन्य सीमावर्ती थाना क्षेत्रों में भी पुलिस ने ताबड़तोड़ कार्रवाई करते हुए कुल
👉 85 वाहन
👉 और 4504.25 क्विंटल धान
जब्त किया है।
करीब 1 करोड़ 39 लाख रुपये का धान जब्त
पुलिस विभाग के अनुसार जब्त किए गए धान की अनुमानित कीमत करीब 1 करोड़ 39 लाख रुपये है। यह अब तक की सबसे बड़ी कार्रवाई मानी जा रही है, जिसे धान खरीदी सीजन के दौरान एक नया रिकॉर्ड बताया जा रहा है।
पुलिस ने जब्त किए गए धान और वाहनों के खिलाफ आवश्यक वैधानिक कार्रवाई शुरू कर दी है। साथ ही धान की अवैध ढुलाई में शामिल लोगों की पहचान कर उनके खिलाफ भी केस दर्ज किए जा रहे हैं।
समर्थन मूल्य व्यवस्था को बचाने में बड़ी सफलता
प्रशासन का कहना है कि अगर ओडिशा का धान छत्तीसगढ़ की मंडियों में खप जाता, तो इससे
स्थानीय किसानों को नुकसान,
सरकारी खरीदी में गड़बड़ी,
और समर्थन मूल्य व्यवस्था पर असर पड़ सकता था।
पुलिस की इस सख्त कार्रवाई से न सिर्फ तस्करों के हौसले पस्त हुए हैं, बल्कि किसानों के हितों की रक्षा भी हुई है।
