इंग्लैंड की मशहूर टी20 लीग The Hundred की 2026 नीलामी के बाद एक नया विवाद सामने आया है। Southern Brave के हेड कोच हेमांग बदानी ने खुलासा किया कि उनकी टीम की शॉर्टलिस्ट में कुछ पाकिस्तानी खिलाड़ी भी थे, लेकिन अंत में किसी को साइन नहीं किया गया।

क्या है पूरा मामला
हाल ही में Sunrisers Leeds ने पाकिस्तानी स्पिनर अबरार अहमद को खरीद लिया था। इसके बाद सोशल मीडिया और क्रिकेट जगत में काफी चर्चा शुरू हो गई।
इसी बीच सदर्न ब्रेव्स के कोच हेमांग बदानी ने भी खुलासा किया कि उनकी टीम ने भी कुछ पाकिस्तानी खिलाड़ियों को शॉर्टलिस्ट किया था।
लेकिन टीम मैनेजमेंट ने आखिरकार किसी भी पाकिस्तानी खिलाड़ी को साइन नहीं करने का फैसला लिया।
क्यों बदल लिया फैसला
हेमांग बदानी ने बताया कि टीम का मुख्य उद्देश्य सिर्फ सबसे संतुलित और मजबूत टीम बनाना था।
उन्होंने कहा कि:
- टीम के पास पहले से ही ट्रिस्टन स्टब्स और मार्कस स्टोइनिस जैसे विदेशी खिलाड़ी मौजूद थे।
- टीम को एक अच्छे स्पिनर की जरूरत थी।
- इसलिए उन्होंने अंत में इंग्लैंड के स्टार स्पिनर आदिल राशिद को साइन करने का फैसला किया।
टीम संतुलन पर रहा फोकस
हेमांग बदानी ने बताया कि टीम ने ऑलराउंडर के तौर पर निखिल चौधरी को भी चुना।
उनका कहना था कि नीलामी के दौरान टीम मैनेजमेंट को यह देखना पड़ता है कि:
- टीम का संतुलन कैसा रहेगा
- किन खिलाड़ियों से बेहतर कॉम्बिनेशन बनेगा
इसी आधार पर अंतिम फैसला लिया गया।
नीलामी में धैर्य जरूरी
बदानी ने यह भी कहा कि किसी भी लीग की नीलामी में रणनीति और धैर्य बहुत महत्वपूर्ण होते हैं।
उन्होंने कहा:
- कभी-कभी नीलामी योजना के मुताबिक नहीं चलती।
- ऐसी स्थिति में टीम को अनुशासन बनाए रखना और रणनीति बदलने के लिए तैयार रहना पड़ता है।
✅ सार:
सदर्न ब्रेव्स के कोच हेमांग बदानी के मुताबिक टीम की शॉर्टलिस्ट में पाकिस्तानी खिलाड़ी थे, लेकिन टीम बैलेंस और रणनीति को देखते हुए अंत में किसी को साइन नहीं किया गया। टीम ने स्पिन विभाग मजबूत करने के लिए आदिल राशिद को चुनना बेहतर समझा।
