रायपुर।
छत्तीसगढ़ में शासन–प्रशासन से जुड़े अहम निर्णयों को लेकर मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय की अध्यक्षता में राज्य मंत्रिपरिषद (कैबिनेट) की बैठक आगामी 21 जनवरी को आयोजित की जाएगी। यह बैठक सुबह 11 बजे नवा रायपुर अटल नगर स्थित मंत्रालय (महानदी भवन) में होगी।

राज्यहित के महत्वपूर्ण मुद्दों पर होगी चर्चा
कैबिनेट बैठक में राज्यहित से जुड़े कई महत्वपूर्ण विषयों और नीतिगत प्रस्तावों पर चर्चा की जाएगी। विभिन्न विभागों द्वारा प्रस्तुत प्रस्तावों पर विचार कर अहम फैसलों पर मुहर लगाई जा सकती है। प्रशासनिक हलकों में माना जा रहा है कि इस बैठक में विकास, वित्त, अधोसंरचना और जनकल्याण से जुड़े निर्णय लिए जा सकते हैं।
पिछली कैबिनेट बैठक में लिए गए थे बड़े फैसले
इससे पहले 31 दिसंबर 2025 को मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय की अध्यक्षता में वर्ष की अंतिम कैबिनेट बैठक आयोजित हुई थी। उस बैठक में राज्य सरकार ने कई बड़े और जनहितकारी निर्णय लिए थे।
ऑटो एक्सपो में वाहनों पर रोड टैक्स में 50% छूट
पिछली कैबिनेट बैठक में यह अहम निर्णय लिया गया था कि रायपुर के साइंस कॉलेज ग्राउंड में 20 जनवरी से 5 फरवरी तक आयोजित 9वें ऑटो एक्सपो के दौरान बिकने वाले वाहनों पर लाइफ टाइम रोड टैक्स में 50 प्रतिशत की छूट दी जाएगी। इस फैसले से वाहन खरीदारों को सीधा लाभ मिला था और ऑटो सेक्टर को भी बढ़ावा मिला।
राइस मिलर्स को बड़ी राहत
मंत्रिपरिषद ने कस्टम मिलिंग के लिए धान उपार्जन और परिवहन से जुड़ी गतिविधियों में राइस मिलर्स द्वारा दी जाने वाली बैंक गारंटी पर देय स्टाम्प शुल्क को 0.25 प्रतिशत से घटाकर 0.05 प्रतिशत करने का महत्वपूर्ण निर्णय लिया था। इससे राइस मिलर्स को वित्तीय राहत मिली।
रायपुर में पुलिस आयुक्त प्रणाली लागू
कैबिनेट ने रायपुर महानगरीय पुलिस जिला में पुलिस आयुक्त प्रणाली को 23 जनवरी से लागू करने के निर्णय को भी मंजूरी दी थी। इस व्यवस्था से कानून-व्यवस्था को और अधिक प्रभावी बनाने की दिशा में बड़ा कदम माना गया।
कोदो–कुटकी–रागी को मिला प्रोत्साहन
बैठक में कोदो, कुटकी और रागी जैसे मोटे अनाजों की खरीद, प्रसंस्करण और बिक्री के लिए छत्तीसगढ़ राज्य लघु वनोपज संघ को कार्यशील पूंजी उपलब्ध कराने की अनुमति भी दी गई थी। इससे किसानों और आदिवासी अंचलों को आर्थिक मजबूती मिलने की उम्मीद जताई गई थी।
आगामी बैठक से भी बड़ी उम्मीदें
अब 21 जनवरी को होने वाली साय कैबिनेट की बैठक से भी कई अहम फैसलों की उम्मीद की जा रही है। माना जा रहा है कि सरकार विकास कार्यों को गति देने और जनकल्याणकारी योजनाओं को मजबूत करने के लिए नए निर्णय ले सकती है।
