भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (BCCI) ने 2025–26 सीजन के लिए सेंट्रल कॉन्ट्रैक्ट का ऐलान कर दिया है, जिसमें कई बड़े और चौंकाने वाले बदलाव किए गए हैं। इस बार सबसे बड़ा फैसला A+ कैटेगरी को खत्म करना और विराट कोहली व रोहित शर्मा का ग्रेड डाउन करना रहा। वहीं युवा स्टार शुभमन गिल को टॉप ग्रेड में शामिल किया गया है।
A+ कैटेगरी खत्म, अब सिर्फ तीन ग्रेड
पहले BCCI के सेंट्रल कॉन्ट्रैक्ट में चार ग्रेड होते थे—A+, A, B और C। A+ सबसे ऊंचा ग्रेड था, जिसमें खिलाड़ियों को सालाना ₹7 करोड़ मिलते थे। लेकिन अब बोर्ड ने A+ कैटेगरी को पूरी तरह खत्म कर दिया है।
इस फैसले के पीछे मुख्य कारण यह है कि आजकल खिलाड़ी वर्कलोड मैनेजमेंट और व्यस्त अंतरराष्ट्रीय शेड्यूल के चलते तीनों फॉर्मेट (टेस्ट, वनडे, टी20) नियमित रूप से नहीं खेल पा रहे हैं। इसलिए BCCI ने नई नीति के तहत अब सिर्फ तीन ग्रेड—A, B और C रखने का फैसला किया है।

ग्रेड A बना सबसे ऊंचा स्तर, शुभमन गिल को बड़ी जिम्मेदारी
अब ग्रेड A सबसे ऊंची कैटेगरी बन गई है, जिसमें सिर्फ तीन खिलाड़ियों को शामिल किया गया है:
- शुभमन गिल
- जसप्रीत बुमराह
- रवींद्र जडेजा
शुभमन गिल का इस ग्रेड में शामिल होना इस बात का संकेत है कि BCCI उन्हें भविष्य का प्रमुख खिलाड़ी और टीम का लीडर मान रहा है।
विराट कोहली और रोहित शर्मा का हुआ डाउनग्रेड
विराट कोहली और रोहित शर्मा पहले A+ कैटेगरी में थे, लेकिन अब उन्हें ग्रेड B में रखा गया है। इसका मुख्य कारण यह है कि दोनों दिग्गज खिलाड़ियों ने टी20 और टेस्ट फॉर्मेट से संन्यास ले लिया है और अब केवल वनडे क्रिकेट खेल रहे हैं।
BCCI की नई नीति के अनुसार, जो खिलाड़ी तीनों फॉर्मेट में नियमित नहीं खेलते, उन्हें टॉप ग्रेड में नहीं रखा जाएगा।
ग्रेड B में शामिल प्रमुख खिलाड़ी
ग्रेड B में कुल 11 खिलाड़ियों को जगह मिली है, जिनमें कई बड़े नाम शामिल हैं:
- विराट कोहली
- रोहित शर्मा
- सूर्यकुमार यादव
- ऋषभ पंत
- केएल राहुल
- हार्दिक पांड्या
- मोहम्मद सिराज
- कुलदीप यादव
- यशस्वी जायसवाल
- श्रेयस अय्यर
- वॉशिंगटन सुंदर
यह सभी खिलाड़ी टीम इंडिया के महत्वपूर्ण सदस्य हैं और अलग-अलग फॉर्मेट में योगदान दे रहे हैं।
ग्रेड C में युवा खिलाड़ियों को मौका
ग्रेड C में कुल 16 खिलाड़ियों को शामिल किया गया है, जिनमें ज्यादातर युवा और टी20 स्पेशलिस्ट खिलाड़ी हैं:
- रिंकू सिंह
- तिलक वर्मा
- अक्षर पटेल
- संजू सैमसन
- अर्शदीप सिंह
- शिवम दुबे
- वरुण चक्रवर्ती
- साई सुदर्शन
- ध्रुव जुरेल
- हर्षित राणा
- रवि बिश्नोई
- रुतुराज गायकवाड़
और अन्य युवा खिलाड़ी शामिल हैं।
यह दिखाता है कि BCCI भविष्य की टीम तैयार करने पर जोर दे रहा है।
सैलरी स्ट्रक्चर में नहीं हुआ बदलाव
हालांकि ग्रेड में बदलाव हुआ है, लेकिन सैलरी स्ट्रक्चर पहले जैसा ही रखा गया है:
- ग्रेड A – ₹5 करोड़ प्रति वर्ष
- ग्रेड B – ₹3 करोड़ प्रति वर्ष
- ग्रेड C – ₹1 करोड़ प्रति वर्ष
A+ कैटेगरी खत्म होने के बाद अब किसी खिलाड़ी को ₹7 करोड़ सालाना सैलरी नहीं मिलेगी।
महिला क्रिकेटर्स के लिए भी कॉन्ट्रैक्ट जारी
BCCI ने महिला टीम के लिए भी सेंट्रल कॉन्ट्रैक्ट जारी किया है।
ग्रेड A:
हरमनप्रीत कौर, स्मृति मंधाना, जेमिमा रोड्रिग्स, दीप्ति शर्मा
ग्रेड B:
रेणुका सिंह, शैफाली वर्मा, ऋचा घोष, स्नेह राणा
ग्रेड C:
यास्तिका भाटिया, हरलीन देयोल, राधा यादव और अन्य युवा खिलाड़ी
क्या संकेत देता है BCCI का यह फैसला
BCCI का यह फैसला साफ तौर पर दिखाता है कि अब बोर्ड फॉर्मेट स्पेशलाइजेशन, फिटनेस और मौजूदा प्रदर्शन को प्राथमिकता दे रहा है।
विराट कोहली और रोहित शर्मा का डाउनग्रेड भले ही चर्चा का विषय बना हुआ है, लेकिन यह बदलाव भारतीय क्रिकेट में नई पीढ़ी को आगे बढ़ाने और भविष्य की मजबूत टीम तैयार करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।
