छत्तीसगढ़ सरकार ने अप्रैल 2026 के लिए राशनकार्डधारियों को केरोसिन (मिट्टी तेल) देने का फैसला लागू कर दिया है। इसके तहत सार्वजनिक वितरण प्रणाली (PDS) के जरिए राज्य के पात्र परिवारों को उचित मूल्य दुकानों (राशन दुकानों) से केरोसिन मिलेगा।
यह खबर खासकर उन परिवारों के लिए महत्वपूर्ण है जो आज भी:
- खाना बनाने,
- रोशनी,
- या अन्य घरेलू जरूरतों
के लिए मिट्टी तेल पर निर्भर हैं।

सरकार ने कितना केरोसिन आवंटित किया है?
खाद्य, नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता संरक्षण विभाग ने बताया है कि:
- केंद्र सरकार से अप्रैल-जून 2026 की पहली तिमाही का कोटा मिला है
- उसी कोटे में से अप्रैल महीने के लिए
- 528 किलोलीटर (KL) केरोसिन का आबंटन जारी किया गया है
528 किलोलीटर का मतलब क्या है?
इसे आसान भाषा में समझें तो:
528 किलोलीटर = 5 लाख 28 हजार लीटर केरोसिन
यानी पूरे प्रदेश में लाखों लीटर केरोसिन राशन दुकानों के जरिए वितरित किया जाएगा।
किसे मिलेगा इसका फायदा?
यह केरोसिन हर किसी को नहीं, बल्कि PDS के पात्र राशनकार्डधारियों को दिया जाएगा।
किन श्रेणियों को मिलेगा लाभ?
खाद्य विभाग के मुताबिक, इसका फायदा मिलेगा:
1) अंत्योदय राशनकार्डधारी
ये वे परिवार होते हैं जो सबसे गरीब श्रेणी में आते हैं और जिन्हें सरकार विशेष राहत देती है।
2) प्राथमिकता श्रेणी राशनकार्डधारी
ये वे परिवार हैं जो राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा कानून या राज्य की पात्रता सूची में शामिल हैं।
यानी सरकार ने साफ किया है कि गरीब और जरूरतमंद परिवारों को ही इसका सीधा लाभ मिलेगा।
कितना केरोसिन मिलेगा?
अब सबसे जरूरी सवाल — एक राशनकार्ड पर कितना केरोसिन मिलेगा?
सरकार ने शहरी और ग्रामीण इलाकों के लिए अलग-अलग मात्रा तय की है।
शहरी क्षेत्रों में
शहरों में रहने वाले पात्र राशनकार्डधारियों को:
प्रति राशनकार्ड अधिकतम 1 लीटर केरोसिन
दिया जाएगा।
ग्रामीण क्षेत्रों में
गांवों और ग्रामीण इलाकों के लिए मात्रा थोड़ी ज्यादा रखी गई है।
ग्रामीण क्षेत्रों में, चाहे वह:
- अनुसूचित क्षेत्र हो
या - गैर-अनुसूचित क्षेत्र
दोनों में पात्र परिवारों को:
प्रति राशनकार्ड अधिकतम 2 लीटर केरोसिन
दिया जाएगा।
ग्रामीण क्षेत्रों में ज्यादा केरोसिन क्यों?
यह फैसला इसलिए अहम है क्योंकि ग्रामीण इलाकों में आज भी कई परिवार:
- गैस सिलेंडर का नियमित उपयोग नहीं कर पाते
- बिजली आपूर्ति हर समय स्थिर नहीं होती
- और घरेलू जरूरतों के लिए मिट्टी तेल पर निर्भर रहते हैं
खासकर:
- दूरदराज गांव
- आदिवासी क्षेत्र
- वनांचल
- आर्थिक रूप से कमजोर परिवार
इन इलाकों में केरोसिन अभी भी जरूरी घरेलू ईंधन माना जाता है।
इसीलिए सरकार ने गांवों के लिए 1 लीटर की जगह 2 लीटर तय किया है।
केरोसिन कहां मिलेगा?
यह केरोसिन उचित मूल्य दुकानों (Fair Price Shops) यानी राशन दुकानों के जरिए वितरित किया जाएगा।
इसका मतलब है कि पात्र राशनकार्डधारियों को:
- बाजार में भटकने की जरूरत नहीं होगी
- सरकारी वितरण व्यवस्था के तहत
- अपने स्थानीय राशन दुकान से केरोसिन मिल सकेगा
PDS के तहत केरोसिन वितरण क्यों अहम है?
आज के समय में भले ही LPG और बिजली का उपयोग बढ़ा हो, लेकिन राज्य के कई हिस्सों में केरोसिन अभी भी जरूरत की चीज है।
इसकी अहमियत क्यों है?
क्योंकि केरोसिन का उपयोग अब भी इन कामों में होता है:
- चूल्हा/स्टोव जलाने में
- इमरजेंसी रोशनी के लिए
- छोटे घरेलू उपयोगों में
- बिजली कटौती वाले इलाकों में
इसलिए सरकार का यह वितरण गरीब परिवारों के लिए छोटी लेकिन उपयोगी राहत है।
क्या सभी राशनकार्ड वालों को मिलेगा?
नहीं, जरूरी नहीं कि हर तरह के राशनकार्डधारी को इसका लाभ मिले।
खबर के मुताबिक, लाभ खास तौर पर:
- अंत्योदय
- प्राथमिकता
श्रेणी के राशनकार्डधारियों को मिलेगा।
यानी:
अगर किसी के पास सामान्य या गैर-पात्र श्रेणी का कार्ड है, तो उसे इस योजना के तहत लाभ न भी मिले।
इसलिए लोगों को अपने कार्ड की श्रेणी जरूर जांचनी चाहिए।
लोगों को क्या करना चाहिए?
अगर आप या आपके परिवार में कोई पात्र राशनकार्डधारी है, तो आपको:
ये काम करने चाहिए:
- अपनी राशन दुकान पर जानकारी लें
- यह पता करें कि केरोसिन कब से वितरण शुरू होगा
- राशनकार्ड की श्रेणी (अंत्योदय/प्राथमिकता) जांच लें
- जरूरत हो तो राशन दुकान संचालक या खाद्य निरीक्षक से संपर्क करें
यह खबर गरीब परिवारों के लिए क्यों राहत वाली है?
आज महंगाई के दौर में गरीब और निम्न आय वर्ग के परिवारों के लिए:
- खाना बनाना
- घरेलू ईंधन जुटाना
- छोटे खर्चों को संभालना
सब कुछ चुनौतीपूर्ण होता जा रहा है।
ऐसे में भले ही 1 लीटर या 2 लीटर मात्रा बहुत बड़ी न लगे, लेकिन जरूरतमंद परिवारों के लिए यह काम की राहत होती है।
आसान शब्दों में पूरा निष्कर्ष
छत्तीसगढ़ सरकार ने अप्रैल 2026 के लिए 528 किलोलीटर केरोसिन राशनकार्डधारियों के लिए आवंटित किया है। यह केरोसिन PDS और राशन दुकानों के जरिए वितरित किया जाएगा।
किसे मिलेगा?
- अंत्योदय राशनकार्डधारी
- प्राथमिकता राशनकार्डधारी
कितना मिलेगा?
- शहरी क्षेत्र: प्रति कार्ड 1 लीटर
- ग्रामीण क्षेत्र: प्रति कार्ड 2 लीटर
सबसे जरूरी बात:
यह योजना खासकर गरीब, ग्रामीण और जरूरतमंद परिवारों के लिए राहत देने वाली है।
