भोपाल से बड़ी टेक्नोलॉजी और गवर्नेंस से जुड़ी खबर…
मध्यप्रदेश अब AI सक्षम सरकार की दिशा में तेज़ी से कदम बढ़ा रहा है।
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के नवाचार लगातार सामने आ रहे हैं और
अब प्रदेश में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस को लेकर बड़ा रोडमैप तैयार किया गया है।

भोपाल में आज दो दिवसीय AI प्रेस कॉन्फ्रेंस और सेमिनार का आयोजन किया गया,
जिसमें देश की कई प्रमुख टेक्नोलॉजी कंपनियों ने भागीदारी की
और सरकार के साथ मिलकर AI आधारित योजनाओं पर चर्चा की गई।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के कार्यशैली और दूरदृष्टि की सराहना करते हुए कहा कि
प्रधानमंत्री जिस तरह से अलग-अलग स्तरों पर काम और सोच रहे हैं,
वह पूरे देश के लिए प्रेरणादायक है।
मुख्यमंत्री ने बुद्धि और विवेक के अंतर को समझाते हुए
भगवान गणेश जी का उदाहरण दिया और कहा कि
अगर बुद्धि-विवेक की परीक्षा ली जाए तो
AI सहित सभी ऐप्स को भी पसीना आ जाएगा।
डॉ. मोहन यादव ने स्पष्ट किया कि
सरकार AI का उपयोग जनकल्याणकारी योजनाओं, प्रशासनिक सुधार और धोखाधड़ी रोकने के लिए करेगी।
उन्होंने कहा कि AI के जरिए सरकारी योजनाओं में फ्रॉड पर रोक,
सेवाओं में तेजी और पारदर्शिता,
और रोजगार के नए अवसर विकसित किए जाएंगे।
इस मौके पर मुख्यमंत्री ने
AI नीति 2026 लॉन्च करते हुए AI मिशन की शुरुआत की
और AI से जुड़ी सेवाओं के लिए एक बस को हरी झंडी दिखाकर रवाना भी किया।
सरकार ने यह भी बताया कि
AI पर काम कर रही कंपनियों के साथ MoU साइन किए गए हैं
और कई स्टार्टअप्स व कंपनियों को सरकारी अनुदान (ग्रांट) भी दिया जाएगा,
ताकि प्रदेश में टेक्नोलॉजी आधारित रोजगार को बढ़ावा मिल सके।
इधर, इस मुद्दे पर कांग्रेस ने भी सरकार के कदम का समर्थन किया है।
कांग्रेस नेताओं ने कहा कि अगर सरकार AI का उपयोग
जनहित और विकास के लिए कर रही है, तो यह एक सकारात्मक पहल है।
