धमतरी। छत्तीसगढ़ के धमतरी जिले में तेंदुए की मौजूदगी से ग्रामीणों में दहशत का माहौल है। जिले के कारीपानी गांव में एक तेंदुआ अचानक घर में घुस गया और वहां मौजूद तीन लोगों पर हमला कर दिया। इस घटना में तीनों लोग घायल हो गए हैं, जिनमें से दो की हालत गंभीर बताई जा रही है। घायलों को इलाज के लिए जिला अस्पताल धमतरी रेफर किया गया है। घटना के बाद गांव में भय का माहौल बना हुआ है। वहीं, सुबह बहीगांव में भी तेंदुआ दिखाई देने की जानकारी सामने आई है, जिससे आसपास के ग्रामीणों की चिंता बढ़ गई है।

घर के बाहर बर्तन धो रही थी महिला, तभी पहुंचा तेंदुआ
जानकारी के मुताबिक, घटना कारीपानी गांव की है। बताया जा रहा है कि एक महिला अपने घर के बाहर बर्तन धो रही थी। इसी दौरान अचानक जंगल की ओर से तेंदुआ वहां पहुंच गया। इससे पहले कि ग्रामीण कुछ समझ पाते, तेंदुआ घर के अंदर घुस गया और तीन लोगों पर हमला कर दिया।
अचानक हुए इस हमले से मौके पर अफरा-तफरी मच गई। तेंदुए के हमले में तीन लोग घायल हो गए। घटना के बाद आसपास के लोगों में भी भय फैल गया। ग्रामीणों को आशंका है कि तेंदुआ आसपास के इलाके में मौजूद हो सकता है और दोबारा आबादी वाले क्षेत्र में पहुंच सकता है।
तीन लोग घायल, दो की हालत गंभीर
तेंदुए के हमले में घायल तीनों लोगों को उपचार के लिए अस्पताल ले जाने की व्यवस्था की गई। जानकारी के अनुसार, दो घायलों की हालत गंभीर बताई जा रही है। सभी घायलों को बेहतर इलाज के लिए जिला अस्पताल धमतरी रेफर किया गया है।
हालांकि, घायलों की पहचान, उनकी उम्र और हमले में आई चोटों की विस्तृत जानकारी फिलहाल सामने नहीं आई है। उनकी स्वास्थ्य स्थिति को लेकर भी विस्तृत आधिकारिक जानकारी का इंतजार है।
बहीगांव में भी दिखाई दिया तेंदुआ, ग्रामीणों में बढ़ी चिंता
कारीपानी गांव में हमले की घटना के बाद सुबह बहीगांव में भी तेंदुआ दिखाई देने की जानकारी सामने आई। लगातार अलग-अलग स्थानों पर तेंदुए की मौजूदगी की खबरों से ग्रामीणों में डर बढ़ गया है।
ग्रामीणों को आशंका है कि जंगल से निकलकर तेंदुआ रिहायशी इलाकों की ओर आ रहा है। ऐसे में लोगों को अपने घरों से बाहर निकलने, खेतों में जाने और बच्चों को अकेले छोड़ने को लेकर चिंता सता रही है।
हालांकि, बहीगांव में तेंदुए की मौजूदगी और कारीपानी की घटना के बीच संबंध की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। इसलिए दोनों घटनाओं को एक ही तेंदुए से जोड़कर देखना फिलहाल उचित नहीं होगा।
ग्रामीणों को सतर्क रहने की जरूरत
तेंदुए जैसे वन्यजीव की रिहायशी क्षेत्र में मौजूदगी लोगों के लिए गंभीर खतरा बन सकती है। ऐसी स्थिति में ग्रामीणों को सतर्क रहने और वन विभाग के निर्देशों का पालन करने की जरूरत है।
- तेंदुआ दिखाई देने पर उसके पास जाने या उसे घेरने की कोशिश न करें।
- बच्चों और बुजुर्गों को अकेले बाहर न भेजें, विशेषकर सुबह और शाम के समय।
- तेंदुए की मौजूदगी की सूचना तुरंत वन विभाग या स्थानीय प्रशासन को दें।
- भीड़ जुटाकर वन्यजीव को भगाने या उसका पीछा करने से बचें।
- मवेशियों और पालतू पशुओं को सुरक्षित स्थान पर रखें।
वन विभाग की कार्रवाई पर ग्रामीणों की नजर
कारीपानी गांव में तीन लोगों पर हुए हमले के बाद ग्रामीणों में भय का माहौल है। बहीगांव में भी तेंदुआ दिखाई देने की सूचना से चिंता और बढ़ गई है। ऐसे में वन विभाग की ओर से क्षेत्र का निरीक्षण, तेंदुए की गतिविधियों पर नजर रखने और ग्रामीणों को सुरक्षा संबंधी जानकारी देने जैसे कदम महत्वपूर्ण हो सकते हैं।
फिलहाल, ग्रामीणों को सावधानी बरतने और किसी भी तरह की अफवाह से बचने की जरूरत है। तेंदुए की गतिविधियों और घायलों की स्थिति को लेकर आधिकारिक जानकारी सामने आने के बाद ही घटना से जुड़े अन्य तथ्य स्पष्ट हो सकेंगे।
